Top Ad unit 728 × 90

Breaking News

random

फखरपुर के लड़के, की ये 10 शायरी हैं फेमस, शेयर सब करते हैं पर जानता कोई नहीं

 

फखरपुर के लड़के, की ये 10 शायरी हैं फेमस, शेयर सब करते हैं पर जानता कोई नहीं
Poetry By Furkan S Khan

फखरपुर के लड़के, की ये 10 शायरी हैं फेमस, कई लोग शेयर करते हैं सोशल मीडिया पर लेकिन जानता कोई नहीं है की ये शायरी फुरकान एस खान की हैं फुरकान एस खान सऊदी में हैं और कभी कभी वो एक हिंदी शायरी की वेबसाइट पर शायरी लिखते रहते हैं हाल ही में उन्होंने यह शायरी लिखी थी. 


पढ़े फुरकान एस खान की ये कुछ शायरी




01 " गुजार दी हमने तमाम उम्र सफर में फुरकान वो कहते हैं हमने क्या खोया हमने क्या पाया " Furkan S Khan
02 " कोई बेचैन है सफर के लिए कोई बेचैन है घर के लिए कोई हमें भी तो देखो हम बेचैन हैं इन सब के लिए ". Furkan S Khan
03 " आईना देख कर नासाज रहते हैं बेचैन करती हैं जब तन्हाई तो तुम्हारी तस्वीरें देख कर हम साद रहते हैं हम रोते बहुत हैं जब तुम्हे याद रहते हैं ". Furkan S Khan
04 " शम्स भी साथ चलते हैं कमर भी साथ चलते हैं हमारी बेबशी तो देखो फुरकान बस इस अमीरी के सफर में हमसफर ना साथ चलते ". Furkan S Khan
05 " क्या खुशनुमा रौनक होती थी उसकी एक मुस्कान से सदियां गुजर गए आसमा को अपना रुक्सार ढके हुवे ". Furkan S Khan
06 " इस इश्क़-ए-जमील पर मासूम सी उदासी क्यों है क्या तुमसे भी किसी ने वादा किया है साथ चलने का ". Furkan S Khan
07 " भुला दो सभी गम इस जहां-ए-फानी के यहां बुतों का एक लशक है यहां इश्क़ का नहीं कुफ्र ओ फरेब का अदल कायम है ". Furkan S Khan
08 " जो हमपे गुजरी वो रानायी लिख रहा हूँ लोग क्या जाने मैं सदियों की गुजरी तन्हाई लिख रहा हूँ ". Furkan S Khan
09 " कटी है आज इस तरह से उंगली मेरी लगता है किसी ने मेरे नाम की हिना सजाई है ". Furkan S Khan
10 " इस बेनियाज़-ए-सफर में इश्क़ की रानाइयाँ लिखता रहा जब भी देखा तुझे ख्वाब में अपनी बेबसी की तनहाइयाँ लिखता रहा ". Furkan S Khan
11 " फसाने लिखे जो भी तेरे हुस्न पर अफसाने बन गए लिखे जो अल्फाज तारीफ में तराने बन गए कही जो बात इश्क़ की तो दुश्मन जमाने बन गए ". Furkan S Khan
फखरपुर के लड़के, की ये 10 शायरी हैं फेमस, शेयर सब करते हैं पर जानता कोई नहीं Reviewed by Furkan S Khan on August 31, 2020 Rating: 5

No comments:

All Rights Reserved by Hum Bahraich Ke Log © 2014 - 2015
Powered By Fakharpur News, Re-Designed by Furkan S Khan

Contact Form

Name

Email *

Message *

Powered by Blogger.